गरियाबंद – जिले के देवभोग विकासखंड में तहसील कार्यालय में कार्यरत लिपिक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है लिपिक ने अपने सुसाइड नोट पर प्रताड़ना की पूरी दास्तां लिखते हुए कहा कि मानसिक प्रताड़ना से मैं अब हार गया. परिजनों ने जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं होते तक शव को फंदे से नहीं उतारने की मांग किया है।
मृतक ने अपने सुसाइड नोट में लिखा है की तहसीलदार द्वारा उसके अवकाश को अवैतनिक अवकाश में बदल दिया जाता था, साथ ही आवेदन देकर अनुपस्थित रहने पर भी उसे कारण बताओ नोटिश जारी कर दिया जाता था, यही नहीं उसने अपने पत्र में लिखा है की प्रशासन की इस रवैए की वजह से वह अपनी मां का ध्यान नहीं रख पा रहा था और इससे उसकी मानसिक स्थिति काफी खराब है |
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मिली जानकारी के अनुसारदेवभोग तहसील में सहायक लिपिक ग्रेड 3 पर पदस्थ शुभम पात्र (25 वर्ष) ने गुरुवार को अपने किराये के मकान में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. शुभम जब अपने मकान से 11 बजे तक बाहर नहीं निकला तो परिजनों ने पुलिस व तहसील को सूचना दी. नायब तहसीलदार के उपस्थिति में दरवाजे का ताला तोड़ा गया, अंदर कमरे में शव पंखे पर लटका मिला, पास के बिस्तर में सुसाइड नोट भी लिखा हुआ था. लिपिक ने अपने सुसाइड नोट में तहसील में पदस्थ जिम्मेदारों पर प्रताड़ना का आरोप लगाया है।
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