अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण तेजी से चल रहा है, और इस भव्य मंदिर का निर्माण एक विषेश पत्थर से हो रहा हैं, जाने कौन सा हैं यह पत्थर – cgtop36.com

नई दिल्ली: अयोध्या में राम मंदिर (Ayodhya Ram Mandir) का निर्माण का कार्य तेजी से चल रहा है. भव्य राम मंदिर का निर्माण राजस्थान के गुलाबी पत्थरों से होगा. मंदिर परिसर में म्यूजियम, रिसर्च सेंटर, गौशाला और एक योगशाला भी होगी.
इन स्मारकों पर विशेष ध्यान
मंदिर न्यास के सूत्रों के मुताबिक कुबेर टीला और सीता कूप जैसे स्मारकों के संरक्षण और विकास पर विशेष ध्यान होगा. उन्होंने कहा कि पूरे मंदिर परिसर में जीरे कार्बन उत्सर्जन और ‘हरित भवन’ जैसी विशेषताएं होंगी. श्री रामजन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र (Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra) के सदस्यों की पिछले महीने बैठक हुई थी और बैठक के दौरान यह कहा गया कि मंदिर का निर्माण कार्य समय के मुताबिक आगे बढ़ रहा है और इसे 2023 से लोगों के लिए खोल दिया जाएगा.
ढांचा बंसी पहाड़पुर के पत्थर से बनेगा
एक सूत्र ने कहा, ‘2023 से श्रद्धालु भगवान श्री राम (Shri Ram) के दर्शन कर सकेंगे.’ सूत्रों ने कहा कि मंदिर का ढांचा राजस्थान से लाए गए बंसी पहाड़पुर के पत्थर और मार्बल से बनाया जाएगा. मंदिर के निर्माण में स्टील का इस्तेमाल नहीं होगा. मंदिर के परकोटा के लिए जोधपुर पत्थर का इस्तेमाल करने का निर्णय किया गया है.’
डिजाइन सीबीआरआई के मानकों के अनुरूप
परकोटा (मंदिर परिसर) के लिए ले-आउट को अंतिम रूप दे दिया गया है और परिसर के बाहर के क्षेत्र में तीर्थयात्री फैसिलिटेशन सेंटर, म्यूजियम, रजिस्ट्री ऑफिस, रिसर्च सेंटर, ऑडिटोरियम, गौशाला, योगशाला और एक एडमिन ब्लॉक होगा. मंदिर ढांचे के लंबे समय तक टिके रहने को ध्यान में रखकर न्यास इसका निर्माण करा रहा है. ढांचे का डिजाइन सीबीआरआई के मानकों के अनुरूप है.




