रायगढ़ – कोरोना वायरस से संक्रमण के मामले हर दिन लगातार बढ़ रहे हैं. रायगढ़ जिले से भी आए दिन कोरोना के मरीजो की पुष्टि हो रही है। इसी बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है कि गुरुवार को रायगढ़ शहर के भीतर रामभाठा मोहल्ले में एक 50 वर्ष के व्यक्ति की मौत हो गई थी। मौत हो जाने के बाद उसके अंतिम संस्कार के लिए परिवार जन तथा मोहल्ले वासियों सहित लगभग 40 से 50 लोग शामिल हुए थे।
अंतिम संस्कार के बाद कोरोना रिपोर्ट मिला पॉजिटिव
मृतक पहले से बीमार था। उसकी मौत के बाद उसका कोरोना टेस्ट किया गया। अंतिम संस्कार के बाद आई रिपोर्ट पॉजिटिव निकली। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद से अंतिम संस्कार में गए लोगों के साथ साथ पूरे रामभाटा में सनसनी फैल गई। इतिहास की दृष्टि से अंतिम संस्कार में शामिल हुए लोगों और परिजनों को स्वास्थ्य विभाग ने क्वारटीन कर दिया है। अंतिम संस्कार में शामिल हुए लोगों में रायगढ़ के पूर्व मेयर जेठूराम मनहर भी है।
मृतक को हाथ लगाने वाले लोग हुए खौफजदा..
जैसे ही मृत व्यक्ति की कोरोना पॉजिटिव है, लोगों को इसकी जानकारी मिलते ही अंतिम संस्कार में शामिल परिवारजनों तथा सभी लोगों में दहशत व्याप्त हो चुका है। अनजाने में कई लोगों ने मृतक को हाथ लगाया है। इस बात से स्वास्थ्य विभाग भी सकते में आ गई है। स्वास्थ्य विभाग कि टीम भी रामभाठा पहुंचकर मृतक के अंतिम संस्कार में शामिल तथा उसके संपर्क में आए सभी लोगों की कांटेक्ट ट्रेसिंग करते हुए लगभग 40 से अधिक लोगों को होम क्वॉरेंटाइन में रखा है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा इन सभी लोगों का कोरोना टेस्ट भी किया जाएगा।
रायपुर जाते वक्त रास्ते पर ही हो गई थी मौत
मृतक का निमोनिया का ईलाज कराने अस्पताल में भर्ती था लेकिन उसकी हालत गम्भीर होने के कारणों से राजधानी रायपुर रिफर कर दिया गया था। रायपुर जाते वक्त सारंगढ़ के आसपास मरीज की रास्ते में ही मृत्यु हो गई। जिसके बाद उसे वापस उसके निवास स्थान रायगढ़ ले आया गया। बताया जा रहा है कि मृतक का घर काशीराम चौक जूटमिल में है लेकिन उसकी पुश्तैनी मकान रामभाठा मोहल्ले में है इसलिए उसके शव को रामभाठा लाया गया। जहां मृतक के पार्थिव शरीर को कई लोगों ने छुआ है। मुक्तिधाम में भी अंतिम संस्कार करते वक्त कई लोगों ने मृतक के शव को हाथ लगाया है और अंतिम संस्कार के बाद सभी लोग वापस अपने-अपने घरों में आ गये थे।
CMHO ने बताया
हमने जब सीएमएचओ से बात किया तो उन्होंने बताया कि उक्त व्यक्ति का तबीयत निमोनिया के वजह से ठीक नहीं थी। इस वजह से रायगढ़ के निजी अस्पताल से उसे रायपुर रिफर कर दिया गया। लेकिन उस व्यक्ति की रास्ते में ही मौत हो गई। हमने रायगढ़ में ही उसका कोरोना सैम्पल लिया था और कल सुबेरे उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। तब तक उस व्यक्ति का अंतिम संस्कार हो चुका था।
कांग्रेस नेता एवं पूर्व वार्ड पार्षद अमृत काटजू ने बताया
महापौर पति अमृत काटजू जो पूर्व पार्षद भी हैं और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भी हैं। उनसे जब हमने इस विषय में जानकारी लेनी चाही तो उन्होंने बताया कि मृतक के अंतिम संस्कार में स्थानीय लोगों के अलावा बाहर से 20 लोग शामिल हुए थे। इन सभी को क्वॉरेंटाइन करने के लिए जिला पंचायत ले जाया जा रहा है।
रामभाठा मे हमारे सूत्रों द्वारा हमें जानकारी मिल रही है कि जिस व्यक्ति ने मृतक के शव को नहलाया है वो खुलेआम घूमते देखा गया है, जिसको होम आइसोलेट किया गया है। कई अभी भी इस कोरोना महामारी को गंभीर नहीं समझ रहे हैं और खुलेआम घूम रहे हैं। हालांकि इस विषय पर अमृत काटजू से जब हमारी बात हुई तो उन्होंने बताया कि पुलिस बुलाकर उन्होंने इन लोगों को घर पर रहने की समझाईश दी है और यदि दोबारा ऐसी हरकत करते हैं तो इन पर महामारी एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पूर्व महापौर जेठूराम मनहर भी अंतिम संस्कार में शामिल थे
बताया जा रहा है कि मृतक व्यक्ति के अंतिम संस्कार में पूर्व महापौर जेठूराम मनहर भी शामिल हुए थे। जैसे ही उन्हें जानकारी मिली कि मृतक व्यक्ति का रिपोर्ट कोरोना पॉजीटीव है। वे होम क्वॉरेंटाइन में चले गए हैं। उनका भी कोरोना भी टेस्ट किया जाएगा।
बिना अनुमति के कोविड-19 नियम का उल्लंघन क्यों किया गया ?
“यह सवाल इसलिए उठ रहा है क्योंकि मृतक व्यक्ति के संपर्क में 50 से अधिक लोग आए हैं। यह कोई छोटी मोटी बात नहीं है। इतने भीड़ में दर्जनभर से अधिक लोगों ने मृतक के पार्थिव शरीर को हाथ लगाया है और मुक्तिधाम में कई लोगों के संपर्क में भी आए हैं । यदि इनमें से किसी को भी कोरोना का रिपोर्ट पॉजिटिव आता है तो यह शहर के लिए बहुत बड़ी खतरे की घंटी है।“




