Silver Rate Today, February 14, 2026: चांदी की कीमतों में भारी गिरावट, दिल्ली-मुंबई समेत कई शहरों में दाम गिरेनिवेश से पहले चेक करें आज का ताजा भाव

प्रतीकात्मक तस्वीर (Pixabay)
Silver Rate Today, February 14, 2026: वैश्विक कमोडिटी बाजारों में मची उथल-पुथल के बीच भारतीय बाजारों में आज चांदी की कीमतों (Silver Rates) में एक बड़ी ‘करेक्शन’ (गिरावट) देखने को मिली है. शनिवार, 14 फरवरी 2026 को ‘सफेद धातु’ के दाम अपने हालिया उच्चतम स्तरों से नीचे फिसल गए हैं. बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कमजोर रुख और डॉलर की मजबूती ने निवेशकों को मुनाफावसूली (Profit Booking) के लिए प्रेरित किया है, जिससे घरेलू स्तर पर कीमतों में नरमी आई है. उत्तर, पश्चिम और दक्षिण भारत के अधिकांश प्रमुख शहरों में चांदी की कीमतें अब ₹2.79 लाख से ₹2.80 लाख प्रति किलोग्राम के दायरे में घूम रही हैं. यह गिरावट विशेष रूप से तब देखी गई जब अंतरराष्ट्रीय बाजारों में औद्योगिक मांग को लेकर निवेशकों ने सावधानी भरा रुख अपनाया. यह भी पढ़ें: Silver Rate Today, February 12, 2026: चांदी की कीमतों में तेजी के बाद आज मामूली गिरावट, जानें दिल्ली, मुंबई, चेन्नई सहित अन्य बड़े शहरों के ताजा रेट
प्रमुख शहरों में आज के भाव (प्रति 1 किलोग्राम)
देश के विभिन्न महानगरों में चांदी के ताजा भाव इस प्रकार दर्ज किए गए हैं:
| शहर | चांदी के भाव (1 Kg) |
| चेन्नई | INR 2,79,900 |
| हैदराबाद | INR 2,79,900 |
| नई दिल्ली | INR 2,79,900 |
| मुंबई | INR 2,79,900 |
| कोलकाता | INR 2,79,900 |
| बेंगलुरू | INR 2,79,900 |
| नोएडा/गाजियाबाद | INR 2,79,900 |
| गुरुग्राम | INR 2,79,900 |
| अहमदाबाद | INR 2,79,900 |
| जयपुर | INR 2,79,900 |
| लखनऊ | INR 2,79,900 |
| भोपाल | INR 2,79,900 |
| Jजोधपुर | INR 2,79,900 |
| श्रीनगर | INR 2,75,000 |
(नोट: ऊपर दिए गए भाव सांकेतिक हैं और इनमें जीएसटी (GST), टीसीएस (TCS) व अन्य स्थानीय कर शामिल नहीं हैं। सटीक कीमतों के लिए अपने स्थानीय जौहरी से संपर्क करें।)
गिरावट के मुख्य कारण
विश्लेषकों का मानना है कि चांदी की कीमतों में इस गिरावट के पीछे कई वैश्विक और स्थानीय कारक जिम्मेदार हैं:
- वैश्विक मंदी के संकेत: अंतरराष्ट्रीय कमोडिटी बाजारों में चांदी की कीमतों में कमजोरी.
- अमेरिकी आर्थिक आंकड़े: अमेरिका के आर्थिक संकेतकों और फेडरल रिजर्व की टिप्पणियों ने डॉलर को मजबूती दी है, जिससे कीमती धातुओं पर दबाव बढ़ा है.
- मुनाफावसूली: हाल के हफ्तों में चांदी द्वारा छुए गए रिकॉर्ड स्तर के बाद निवेशकों ने अपने निवेश को भुनाना शुरू कर दिया है.
भविष्य की राह: क्या और गिरेंगे दाम?
बाजार के जानकारों का कहना है कि आने वाले हफ्तों में चांदी की दिशा काफी हद तक वैश्विक मुद्रास्फीति के आंकड़ों, औद्योगिक मांग और रुपये की चाल पर निर्भर करेगी. सौर ऊर्जा (Solar Energy) और इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में चांदी की भारी औद्योगिक मांग इसे लंबी अवधि में सहारा दे सकती है, लेकिन निकट भविष्य में बाजार में अस्थिरता बनी रहने की संभावना है.




