
दिल्ली। गेंदबाजी के बाद सलामी जोड़ी रोरी बर्न्स और हसीब हमीद की शानदार बल्लेबाजी के दम पर हैडिंग्ले टेस्ट पूरी तरह इंग्लैंड की गिरफ्त में नजर आ रहा है। भारतीय कप्तान विराट कोहली ने आठ टेस्ट मैचों के बाद जब पहली बार टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने का फैसला लिया तो सबको उम्मीद थी कि टीम स्कोरबोर्ड पर बड़ा स्कोर टांगेगी और कुछ शतक देखने को मिलेंगे, लेकिन हुआ इसके बिल्कुल उलट। जेम्स एंडरसन की अगुवाई में इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों ने दुनियाभर में फेमस भारतीय बल्लेबाजों को सांस तक नहीं लेने दी और पूरी टीम को मात्र 78 रनों पर ऑलआउट कर दिया। ऐसा होते ही भारत के नाम शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हो गया है, क्योंकि पहली पारी में उसका एक भी बल्लेबाज 20 रनों तक नहीं पहुंच पाया।
इस पारी में सबसे ज्यादा रन सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा ने बनाए, जिन्होंने 105 गेंदें खेलकर एक चौके की मदद से 19 रन बनाए। इसके अलावा उप-कप्तान अजिंक्य रहाणे ने 18 रन बनाए। रोहित और रहाणे के बाद सबसे ज्यादा रनों का योगदान एकस्ट्रा रनों का था, जिससे टीम इंडिया को 16 रन मिले। इस मैच में इंग्लैंड के अनुभवी पेसर एंडरसन ने 11 ओवर खत्म होने से पहले ही केएल राहुल, चेतेश्वर पुजारा और विराट कोहली के विकेट झटककर भारतीय टीम की कमर तोड़ दी थी। रही-सही कसर रहाणे के आउट होने से पूरी हो गई, जो लंच ब्रेक होने से पहले ओली रोबिन्सन की गेंद पर जोस बटलर को कैच थमा बैठे।
लंच से पहले और बाद में रोहित अपना विकेट बचाकर टिक कर खेलने की कोशिश कर रहे थे। उस समय टीम को उम्मीद थी कि वे लॉअर ऑर्डर के संग मिलकर टीम को मुसीबत से बाहर निकालने में जरूर सफल होंगे। लंच के बाद पहले भारत ने विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत का विकेट गंवाया और फिर रोहित भी अपनी पारी को लंबा नहीं खींच सके और क्रेग ओवर्टन की गेंद पर रोबिन्सन को कैच थमा बैठे। पिछले मैच में बल्लेबाजी से वाहवाही लूटने वाले मोहम्मद शमी और जसप्रीत बुमराह इस बार अपना खाता भी नहीं खोल सके और पहली ही गेंद पर आउट कर पवेलियन लौट गए।



