रावण का रोल नहीं करना चाहते थे अरविन्द त्रिवेदी, करना चाहते थे यह किरदार
लॉक डाउन में टीवी चैनल्स अपने लोकप्रिय टीवी शोज को अलग-अलग समय पर टेलीकास्ट कर रहे है। दूरदर्शन पर उन पुराने शोज का रिपीट टेलीकास्ट दिखाया जा रहा है जो एक वक्त पर लोगों द्वारा काफी पसंद किया जाता था। लॉकडाउन में जब से दूरदर्शन पर रामायण का फिर से प्रसारण शुरू हुआ है इसे लेकर वैसा ही क्रेज लोगों के बीच देखने को मिल रहा है जो 90 के दशक में हुआ करता था।
बता दें कि शो के कलाकार भी खूब सुर्खियां बटोर रहे हैं। धारावाहिक में राम, सीता और रावण का रोल प्ले करने वाले एक्टर्स एक बार फिर सुर्ख़ियों में आ गए है। राम का रोल अरुण गोविल, सीता का रोल दीपिका चिखलिया और रावण का रोल अरविंद त्रिवेदी ने निभाया था।
रावण का नाम दिमाग में आते ही आज भी चेहरा उभरता है सीरियल रामायण के रावण -अरविंद त्रिवेदी का। आपको बता दें कि अरविंद त्रिवेदी बहुत बड़े राम भक्त हैं। बचपन से ही वो राम लीला देखते थे। पॉपुलर शो रामायण में अरविंद ने रावण का रोल इतना बखूबी निभाया था कि वो जीवंत हो गया था।
बहुत कम लोग जानते है कि एक्टर अरविंद त्रिवेदी कभी भी रावण का रोल नहीं करना चाहते थे उनकी रूचि केवट का रोल निभाने की थी लेकिन रामानंद सागर ने उन्हें रावण का रोल करने को कहा। अरविंद की चाल-ढाल और मिजाज में कुछ ऐसा था कि रामानंद सागर उनसे काफी प्रभावित हो गए थे और तुरंत उन्हें रावण के रोल के लिए फाइनल कर दिया था।
सिलेक्शन से पहले अरविंद त्रिवेदी ने कोई डायलॉग भी नहीं सुनाया था। रामानंद सागर से बोले कि मैंने तो कोई डायलॉग भी नहीं पढ़ा। रामानंद सागर द्वारा लिए गए अचानक फैसले से अरविंद भी भौंचक्क हो गए थे। तब रामानंद सागर ने कहा था उनकी चाल-ढाल देखकर वे समझ गए कि वही उनके रावण बनने योग्य हैं। उन्हें ‘रामायण’ के लिए ऐसा रावण चाहिए जिसमें बुद्धि-बल हो और मुख पर तेज हो।




