
श्रमिक एवं कर्मचारी कल्याण संघ ने मांगे पूरी नहीं होने पर 24 घंटे के बाद कारखाने के अंदर टूल डाउन हड़ताल की तैयारी कर ली है। विदित हो की 2014 में कारखाने के प्रबन्ध संचालक , कलेक्टर ,सहकारिता विभाग एंव एंटक यूनियन के बीच 62 वा बोर्ड मीटिंग हुआ था , जिसमे सहमति बनाते हुए पारित किया गया था की यूनियन की सभी मांगों को गंभीरता से लेंगे ,तथा कलेक्टर पी दयानंद द्वारा आश्वाशन भी दिया गया था ,की यूनियन की मांगों को अनुमोदन हेतु रजिस्टार को प्रेषित कर दिया गया है,और अति शीघ्र अनुमोदिन कर दिया जायेगा परंतु अभी तक इनकी मांगों पर अमल नहीं किया गया ।
बतादे की यूनियन ने अपनी मांगों को लेकर कुछ दिनों पहले कारखाना प्रबंध संचालक को दो बार अल्टिमेटम दिया है, परन्तु इनकी उक्त मांगों पर ध्यान नहीं दिया,जिसके चलते कारखाना में कार्यरत समस्त इंजीनियर, कर्मचारी एवम् श्रमिक कारखाना प्रबंधक के खिलाफ अक्रोशित है,और यूनियन हड़ताल के लिए तैयार है। वही कारखाना यूनियन के अध्यक्ष जगदीश बंजारे का कहना है, की 18 वर्षो से श्रमिको एवम कर्मचारियों की व्यापक शोषण एवं सभी श्रमिको को बंधुआ मजदूरो की तरह रखा गया है ।प्रबंध संचालक द्वारा श्रम प्रावधानों के खुला ऊंघन किया जा रहा है,तथा आदर्श सेवा नियम का पालन नही किया गया है। प्रबंध संचालक के अनुभवहीनता की फायदा कारखाना में पदस्थ अधीनस्थ अधिकारियों द्वारा उठाया जा रहा है।




