छत्तीसगढ़ – सुकमा जिले के दुब्बाटोटा स्थित सीआरपीएफ का क्वारीटाईन कैम्प के जवान पर बलात्कार व छेड़छाड़ करने का आरोप लगा है। पीड़ित युवती व परिजनों ने दोरनापाल थाने में जाकर एक शिकायत दर्ज करवाई है। जिसके बाद पुलिस ने पतासाजी कर उस जवान को हिरासत में लिया और जेल भेज दिया गया। उक्त मामले पर सर्व आदिवासी समाज द्वारा नाराजगी जाहिर करते हुए सम्बन्धित जवान पर कठोर कार्यवाही की मांग की है । जिसके बाद पुलिस की एक टीम महिला डीएसपी के नेतृत्व में सुकमा से दोरनापाल थाने पहुंची ग्रामीणों की शिकायत पर 24 घण्टे के अंदर एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तार किया गया और युवती व परिजनों ग्रामीणों का बयान लिया गया युवती का मेडिकल टेस्ट के बाद उक्त जवान को गिरफ्तार कर घटनास्थल का रिक्रिएशन किया गया जिसके बाद रिमांड पर भेजा गया ।
मीडिया से मिली जानकारी और दुब्बाटोटा में ग्रामीणों द्वारा लगाए गया आरोप के अनुसार बीते सोमवार सीआरपीएफ कैम्प से 200 मीटर की दूरी पर उसी कैम्प में पदस्थ पिछले 18 दिन से सीआरपीएफ गाइडलाइंस के अनुसार क्वारन टाइन सेंटर में रह रहे जवान जवान के द्वारा गाय चरा रही 16 वर्षीय युवतियों से छेड़खानी के साथ 21 वर्षीय महिला के साथ दुष्कर्म किया गया जिसकी एफआईआर बुधवार को दोरनापाल कराई गई और ठीक एफआईआर के दौरान जवान द्वारा उसी जगह खेत पर काम करने गई तीसरी 22 वर्षीय महिला से छेड़छाड़ कर जवान द्वारा पैसों का प्रलोभन देने का प्रयास कर छेड़छाड़ की गई जिसके बाद से आदिवासी समाज ने नाराजगी जाहिर की है । इस मामले में न केवल दुष्कर्म बल्कि गैर जिम्मेदारी व लापरवाही का मामला भी उजागर होता है कि कैसे क्वारनटाइन सेंटर से कोई जवान बिना किसी जानकारी के बाहर निकल जाता है और अपनी मनमानी करने की आज़ादी रखता है ।
जांच के बाद पुलिस का कहना है उक्त व्यक्ति को ड्यूटी से पहले 22 दिन के क्वरनटाइन में रखा गया था जिसमे 18 दिन वो काट चुका था । इस मामले पर एसडीओपी ने बताया कि बुधवार को एक महिला से हमे लिखित शिकायत मिली थी कि उसके साथ किसी व्यक्ति के द्वारा दुष्कर्म की घटना की गई है जिस पर हमने एफआईआर दर्ज करते हुए मामले की विवेचना किया गया जिसके बाद आज हम आरोपी को पकड़ने में कामयाब हुए है और आरोपी को गिरफ्तार कर ज्यूडिशियल रिमांड के लिए सुकमा भेजा गया है ।




