इलाज कराने आई युवती का इंजेक्शन देकर किया था बलात्कार, मौजूद पुकिसकर्मी ने बनाया था वीडियो फिर वो खेलने लगा युवती की अस्मत से, फिर
2014 की दरम्यानी रात छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले अंतर्गत सुपेला के लाल बहादुर शास्त्री शासकीय अस्पताल में एक युवती अपना इलाज कराने पहुंची थी। डॉक्टर गौतम पंडित ने इलाज के बहाने उसे नशे का इंजेक्शन दिया और उसके साथ बलात्कार किया था। घटना के समय मौजूद पुलिस वाला सौरभ भी युवती की अस्मत से खेलने की नीयत बना लिया।
जिस वक्त डाक्टर बेहोश युवती के साथ बलात्कार कर रहा था तब सौरभ भक्ता ने चुपके से युवती और डॉक्टर की वीडियो बना ली और वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर उसने अपने साथी चंद्रप्रकाश पांडेय के साथ मिलकर कई बार उसके साथ बलात्कार किया था।
जब लड़की गर्भवती हो गई तो सौरभ भक्ता ने उसका गर्भपात कराया जिसके बाद उसकी तबीयत खराब हो गई फिर घटना की जानकारी उसके घरवालों को हुई जिसके बाद उन्होंने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज करवाया।
मामले का डेढ़ साल तक मुकदमा चलता रहा लेकिन उसे इन्साफ नहीं मिल पाया था फिर तंग आकर पीड़िता ने आत्महत्या कर लिया था। मरने से पहले लिखे अपने सुसाइड नोट में उसने लिखा की न्याय में देरी और तीनो आरोपियों के कारण वह आत्महत्या कर रही है।
घटना के पांच साल बाद अब आखिरकार उसे न्याय मिल गया। न्यायलय ने सामूहिक दुष्कर्म के मामले में दो पुलिसकर्मियों और डॉक्टर को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।




